shauryasaga.com
Kargil storyVeer Chakra

कारगिल युद्ध 5 जुलाई 1999 सिपाही सतपाल सिंह

—— शौर्य दिवस -शौर्यनमन—–
सिपाही सतपाल सिंह
वीर चक्र
यूनिट – 8 सिख रेजिमेंट
टाईगर हिल का संग्राम
ऑपरेशन विजय
कारगिल युद्ध 1999
सिपाही सतपाल सिंह का जन्म 7 सितंबर 1973 को पंजाब में हुआ था। शिक्षा पूर्ण करने के पश्चात वर्ष 1992 में वह भारतीय सेना की सिख रेजिमेंट में रंगरूट के रूप में भर्ती हुए थे। प्रशिक्षण के पश्चात उन्हें 8 सिख बटालियन में सिपाही के पद पर नियुक्त किया गया था।
“ऑपरेशन विजय” में सिपाही सतपाल सिंह 8 सिख बटालियन की उस टुकड़ी के सदस्य थे। जिसे 18 ग्रेनेडियर्स की सहायता के लिए भेजा गया था। 5 जुलाई 1999 को सिपाही सतपाल सिंह टाईगर हिल क्षेत्र में निरंतर पाकिस्तानी सेना के पलटवार से संघर्ष कर रहे थे।
जब सिपाही सतपाल सिंह की लाइट मशीनगन में मात्र चार गोलियां शेष रह गई तो इन्होंने शस्त्र रहित शारीरिक युद्ध में पाकिस्तानी नॉर्दर्न लाइट इंफेट्री के भीमकाय कैप्टन करनैल शेरखान को अपनी बेल्ट से गला घोंट कर, उसके रेडियो ऑपरेटर व उनको निकट से कवरिंग फायर दे रहे दो अन्य पाकिस्तानी सैनिकों को अकेले ही मार दिया था।
पाकिस्तानी कैप्टन करनैल शेरखान ने अंतिम श्वास तक अडिग निश्चय से युद्ध किया था और निरंतर अपने सैनिकों को संघर्ष के लिए प्रेरित किया था। उसके मारे जाते ही घिरे हुए पाकिस्तानी सैनिक हतोत्साहित हो कर भाग गए।
कैप्टन करनैल शेरखान का शव पाकिस्तान को देने से पूर्व भारतीय 57 माउंटेन ब्रिगेड के ब्रिगेडियर एमपीएस बाजवा ने कैप्टन शेरखान के वीरता, अडिग निश्चय और युद्ध कौशल की सराहना में उसके ऊपरी जेब में कागज पर हस्तलिखित नोट लिख कर रखा था्, जिसके आधार पर कारगिल युद्ध की समाप्ति के पश्चात पाकिस्तान ने कैप्टन करनैल शेरखान को पाकिस्तान का सर्वोच्च वीरता सम्मान “निशान-ए-हैदर” दिया था।
सिपाही सतपाल सिंह को उनके अदम्य साहस, प्रचंड वीरता एवं युद्ध की अडिग भावना के लिए “वीर चक्र” से सम्मानित किया गया था।
वर्ष 2009 में सेना से लांस नायक के पद से सेवानिवृत्त होने के पश्चात सतपाल सिंह पंजाब पुलिस में सेवाएं देने लगे। पंजाब पुलिस ने उन जैसे वीरता सम्मान अलंकृत सैनिक को ट्रैफिक संचालन का कार्य दे दिया। कारगिल युद्ध के 20 वर्ष पूर्ण होने पर जब सतपाल सिंह चर्चा में आए तो तत्कालीन मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने उनका रैंक बढ़ा कर उन्हें हेड कांस्टेबल से ASI के पद पर पदोन्नत किया था।
भारत में खिलाड़ियों को मेडल विजित करने पर ऊंचे पदों पर नियुक्ति दी जाती है। वहीं सतपाल सिंह अनेक वर्षों तक हेड कांस्टेबल का कार्य करते रहे थे।
#Kargil5July
#Kargil8Sikh#indianarmy #india #army #indianairforce #indiannavy #pulwama #galwan #freedomfighter #15august #26january #nationfirst #shauryanaman #shauryasaga #realheros #superheros
#kargil #shauryagatha #shauryanaman #kargilwar #news #imp #army #salute #ngo #bestngo #bestngoformartyrs
https://www.shauryanaman.com/ https://www.shauryanaman.org
:
https://www.instagram.com/shauryanamanngo
:
https://www.facebook.com/ShauryaNamanNGO
https://www.youtube.com/c/shauryanaman
: shauryanaman2019@gmail.com
:
+91 91110-10007/8

Related posts

कारगिल युद्ध 24 जून 1999 गनर बजरंग लाल नैण

Chandra kishore

वीर चक्र सिपाही बुध सिंह गौड़

Chandra kishore

कारगिल युद्ध गनर रमेश विक्रम भाई जोगल

Chandra kishore

Leave a Comment