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नायब सूबेदार एम. एंथोनी क्रूज़ – शौर्य चक्र (मरणोपरांत)

—— बलिदान दिवस —— नायब सूबेदार एम. एंथोनी क्रूज़ JC-307557N शौर्य चक्र (मरणोपरांत) वीरांगना – श्रीमती एलेजाबेथ यूनिट – 201 इंजीनियर रेजिमेंट ऑपरेशन CI/IS

भारतीय सेना के वीर सपूत नायब सूबेदार मारियाप्रगासम एंथोनी क्रूज़ की शहादत हर भारतीय के लिए प्रेरणा का स्रोत है। तमिलनाडु के विल्लूपुरम जिले के निवासी, नायब सूबेदार एंथोनी भारतीय सेना की कॉर्प्स ऑफ इंजिनियर्स की 201 इंजीनियर रेजिमेंट में अपनी सेवाएँ दे रहे थे। उनके अदम्य साहस और निस्वार्थ सेवा भाव ने उन्हें एक सच्चे नायक के रूप में अमर कर दिया।

शौर्य की कहानी

19 अगस्त 2006 को राजस्थान के पाली जिले में बाढ़ राहत कार्यों के दौरान नायब सूबेदार एंथोनी को एक महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई थी। उन्हें बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में नागरिक प्रशासन की सहायता के लिए राहत कार्य बल का नेतृत्व करना था। इसी दौरान, खारी नदी के बीचोंबीच एक कार में फँसे पाँच नागरिकों को बचाने की सूचना मिली।

नायब सूबेदार एंथोनी ने बिना किसी हिचकिचाहट के इस जोखिम भरे बचाव अभियान का नेतृत्व करने का निर्णय लिया। अपने एक साथी के साथ, उन्होंने नदी की तेज धारा में उतरकर नागरिकों तक पहुँचने का साहसिक प्रयास किया। लेकिन, प्रकृति की अनिश्चितता ने उनके सामने एक कठिन चुनौती पेश की। नदी में अचानक आए उफान ने दोनों को बहा लिया।

बलिदान

इस संकट की घड़ी में भी नायब सूबेदार एंथोनी ने अपनी सूझबूझ और निस्वार्थता का परिचय दिया। उन्होंने अपने साथी को पास की झाड़ियों की ओर धकेलकर उसकी जान बचाई, लेकिन स्वयं को बचाने में असमर्थ रहे। 22 अगस्त 2006 को उन्होंने देश और मानवता की सेवा में अपने प्राणों का सर्वोच्च बलिदान दे दिया।

सम्मान और विरासत

नायब सूबेदार एम. एंथोनी क्रूज़ के इस अद्भुत शौर्य और बलिदान के लिए उन्हें मरणोपरांत शौर्य चक्र से सम्मानित किया गया। यह सम्मान न केवल उनकी वीरता का प्रतीक है, बल्कि भारतीय सेना के उन मूल्यों को भी दर्शाता है जो देश और समाज के प्रति समर्पण को सर्वोपरि मानते हैं। उनकी वीरांगना श्रीमती एलेजाबेथ और उनका परिवार आज भी उनकी शहादत की गौरवपूर्ण स्मृति को संजोए हुए है।

प्रेरणा का स्रोत

नायब सूबेदार एंथोनी की कहानी हमें सिखाती है कि सच्चा साहस और समर्पण किसी भी परिस्थिति में डगमगाता नहीं। उनकी शहादत हमें यह याद दिलाती है कि देश के लिए बलिदान देने वाले वीर सैनिकों का सम्मान करना हमारा कर्तव्य है।

बलिदान दिवस के अवसर पर, आइए हम नायब सूबेदार एम. एंथोनी क्रूज़ को श्रद्धांजलि अर्पित करें और उनके जैसे वीरों से प्रेरणा लेकर अपने कर्तव्यों को निष्ठा से निभाएँ।

जय हिंद!

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1 comment

Franklin3818 September 2, 2025 at 12:36 pm Reply

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