shauryasaga.com
Maha Veer Chakra

महावीर चक्र मेजर जनरल सरूप सिंह कलां

—— शौर्य दिवस -शौर्यनमन—–
मेजर जनरल सरूप सिंह कलां
महावीर चक्र
19 इंफेंट्री डिविजन
ऑपरेशन अब्लेज (ABLAZE)
भारत-पाक युद्ध 1965
मेजर जनरल सरूप सिंह कलां का जन्म ब्रिटिश भारत में 16 नवंबर 1912 को तत्कालीन पंजाब (वर्तमान हरियाणा) के झज्जर जिले के साल्हावास गांव में पुलिस अधिकारी चौधरी सुल्तान सिंह के घर में हुआ था। यह परिवार साल्हावास गांव का प्रतिष्ठित परिवार है। इनके कनिष्ठ भ्राता मेजर (ले. कर्नल) इंदर सिंह कलां ने 1947-48 के युद्ध में वीर चक्र सम्मान प्राप्त किया था।
सरूप सिंह ने जाट हाई स्कूल, हिसार , एंग्लो संस्कृत हाई स्कूल, अंबाला सिटी, गवर्नमेंट कॉलेज, रोहतक और सेंट स्टीफन कॉलेज, दिल्ली से शिक्षा प्राप्त की थी। वह Y कैडेट के रूप में ब्रिटिश-भारतीय सेना की 319 जाट रेजिमेंट में सम्मिलित हुए थे। द्वितीय विश्व युद्ध में उन्हें ब्रिटिश मिलिट्री क्रॉस (MC) से सम्मानित किया गया था। सेना में सेवाएं प्रदान करते हुए वह मेजर जनरल के पद पर पदोन्नत हो गए थे।
5 अगस्त से 22 सितंबर 1965 की अवधि में, मेजर जनरल सरूप सिंह कलां उरी-बारामुला-गुलमर्ग सेक्टर में सैनिकों की कमान संभाल रहे थे। पाकिस्तान द्वारा चलाए गए ऑपरेशन जिब्राल्टर की कार्रवाई में सशस्त्र पाकिस्तानी सैनिकों की घुसपैठ की प्रथम सूचना उनके क्षेत्र से प्राप्त हुई थी। मेजर जनरल सरूप सिंह कलां ने किशन गंगा नदी के पूर्व के पूरे क्षेत्र में घुसपैठियों को पकड़ने और उनके ठिकानों और घुसपैठ के मार्गों पर अधिकार करने के लिए ऑपरेशन की योजना निर्मित की और उसे क्रियान्वित किया।
हाजी पीर दर्रे पर अधिकार करने और उसके पश्चात पुंछ की ओर बढ़ने के लिए उन्होंने शत्रु द्वारा 1947-48 के युद्ध के पश्चात पिछले 18 वर्षों से खाईयों से सुदृढ़ की गई पाकिस्तानी सेना की भलीभांति रूप से सुदृढ़ नियमित चौकियों के विरुद्ध अपने सैनिकों का व्यक्तिगत रूप नेतृत्व किया। शत्रु की गोला वृष्टि में उनके नेतृत्व और साहस से प्रेरित होकर, उनकी कमान में सैनिकों ने शत्रु सेना को उनकी भली-भांति सुरक्षित स्थिति से बाहर फेंक दिया।
इस संपूर्ण ऑपरेशन में, मेजर जनरल सरूप सिंह कलां ने भारतीय सेना की सर्वोत्तम परंपराओं में विशिष्ट साहस और अनुकरणीय नेतृत्व का प्रदर्शन किया। उन्हें “महावीर चक्र” से सम्मानित किया गया।
#IndoPakWar1965_19INFDIV#indianarmy #india #army #indianairforce #indiannavy #pulwama #galwan #freedomfighter #15august #26january #nationfirst #shauryanaman #shauryasaga #realheros #superheros
#kargil #shauryagatha #shauryanaman #kargilwar #news #imp #army #salute #ngo #bestngo #bestngoformartyrs
https://www.shauryanaman.com/ https://www.shauryanaman.org
:
https://www.instagram.com/shauryanamanngo
:
https://www.facebook.com/ShauryaNamanNGO
https://www.youtube.com/c/shauryanaman
: shauryanaman2019@gmail.com
:
+91 91110-10007/8

Related posts

Jamadar Ishi Tundup शौर्यगाथा: जमादार इशी तुनदुप – जिन्होंने अंतिम साँस तक मातृभूमि की रक्षा की

shauryaadmin

महावीर चक्र ब्रिगेडियर मोहम्मद उस्मान

Chandra kishore

ब्रिगेडियर जोगिन्दर सिंह बक्शी (महावीर चक्र) Brigadier Joginder Singh Bakshi (Mahavir Chakra)

shauryaadmin

Leave a Comment